पश्चिमी सिंहभूम, 26/09/2026
चाईबासा, 26 सितंबर 2026। पश्चिमी सिंहभूम जिले के गुदड़ी, गोईलकेरा, मनोहरपुर, बंदगांव, सोनुआ, नोवामुंडी सहित विभिन्न प्रखंडों के वन ग्रामों में ग्राम सभा का गठन कराने की मांग को लेकर झारखंड आंदोलनकारी मंच, पश्चिमी सिंहभूम जिला कमिटी ने जिला प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया है।इसी मांग को लेकर शुक्रवार को झारखंड आंदोलनकारी मंच के जिला संयोजक बिरसा मुंडा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने उप विकास आयुक्त (डीडीसी) से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त मनीष कुमार के नाम मांगपत्र सौंपते हुए जिले के वन ग्रामों में पेसा नियमावली 2025 के तहत ग्राम सभा गठन की प्रक्रिया शुरू कराने की मांग की।मंच के प्रतिनिधियों ने कहा कि जिले के कई वन ग्राम जंगल एवं दुर्गम क्षेत्रों में स्थित हैं, जहां ग्रामीणों तक सरकारी विकास योजनाओं की पहुंच अपेक्षाकृत कम है। ग्राम सभा के गठन से स्थानीय ग्रामीणों की भागीदारी बढ़ेगी तथा गांव की आवश्यकताओं के अनुरूप विकास योजनाओं के चयन और क्रियान्वयन में सुविधा होगी।प्रतिनिधिमंडल ने जिला प्रशासन से वन ग्रामों में ग्राम सभा गठन के साथ-साथ सड़क, पेयजल, आवास, शिक्षा, स्वास्थ्य सहित अन्य सरकारी योजनाओं का प्रभावी लाभ ग्रामीणों तक पहुंचाने के लिए आवश्यक कदम उठाने का आग्रह किया।मंच ने कहा कि ग्राम सभा ग्रामीणों को अपनी स्थानीय समस्याओं और जरूरतों को प्रशासन के समक्ष रखने का प्रभावी माध्यम प्रदान करेगी। प्रतिनिधिमंडल ने जिला प्रशासन से मामले में आवश्यक कार्रवाई करते हुए वन ग्रामों को विकास योजनाओं से जोड़ने की मांग की।







